Thursday, May 1, 2014

Bhonsdi ka outta

एक बार एक कुत्ता जंगल में
रास्ता खो गया । थोड़ा आगे
गया तो सामने से शेर आया । कुत्ता बहुत
डर गया ।
पास में कुछ सुखी हड्डीया पड़ी थी ।
कुत्ता हड्डी चुसने लगा और बोला, 'वाह!
शेर का शिकार करने मज़ा आया, पर भेंचोद
पेट नहीं भरा, एक और मिल जाए
तो मज़ा आ जाए ।'
शेर ने सोचा, ये बहोत ख़तरनाक कुत्ता है,
और वो वहाँ से भाग गया ।
उपर पेड़ पे बंदर बैठा था । उसने
सोचा अभी कुत्ते की गांड मरवाता हुँ,
बहोत शाणा बन रहा है । वो वहाँ से शेर के
पीछे भागा सच बताने के लिए । उसने शेर
को बताया कि कुत्ते ने कैसे
उसको चुतीया बनाया ....
शेर बोला चल, अभी उस भेंचोद की गांड
लेता हुँ ।
दोनो कुत्ते के पास आए । उन्हे देखकर
कुत्ता फिर से हड्डी चबाने लगा और
बोला ' साले उस मादरचोद बंदर को भेजे
एक घंटा होने आया, अभीतक एक शेर
फँसा के नहीं ला सका । '
शेर बोला ' बहन के लौडे बंदर,
मेरी माँ चुदवाना चाहता था' और शेर उस
बंदर को खा गया ।
Moral : उड़ता तीर अपनी गांड में लोगे,
तो गांड तुम्हारीही मरेगी ।
ज़िंदगी में चाहे कुछ भी हो,
हमेशा सौ क़दम साँड़ से, दो सौ क़दम रांड
से और पाच सौ क़दम बावली गांड सेदूर
रहो मेरे दोस्तों ।
Ekdum Solid 😃😃
सभी शादी सुदा भाइयो को मजदुर दिवस की हार्दिक शुभकामनाए 
😀😄😀😀😀

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